70 मरीजों को परामर्श व दवा, घर के नजदीक मिला इलाज - Amja Bharat

Amja Bharat

All Media and Journalist Association

Breaking

Tuesday, April 19, 2022

70 मरीजों को परामर्श व दवा, घर के नजदीक मिला इलाज

डाक्टर ने मौसमी बीमारियों से बचने के लिए दिए टिप्स 

मलिन बस्ती में लगा आउटरीच हेल्थ कैंप 

बांदा, के एस दुबे । शहर वासियों को उनके घर के पास ही निशुल्क और गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने की मुहिम जारी है। सोमवार को नगरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आजाद नगर द्वारा शंकर नगर में विशेष आउटरीच हेल्थ कैंप आयोजित हुआ। इसमें 70 रोगियों की जांच के बाद उन्हें दवा दी गई। शिविर में लोगों को स्वास्थ्य के प्रति जागरूक भी किया गया।


शिविर की शुरुआत करते हुए नगर पालिका वार्ड सदस्य इच्छाराम ने कहा कि मानव सेवा से बढक़र कोई दूसरा धर्म नहीं है। इस तरह के शिविर लगने चाहिए। स्वास्थ्य विभाग की ओर से मलिन बस्तियों में ऐसे स्वास्थ्य शिविर लगने से लोगों की सेहत सुधरेगी। चिकित्सक डा. ऋतुंबरा गौतम ने कहा कि मौसम में परिवर्तन के कारण बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। उन्होंने मरीजों की जांच कर उनका उपचार किया। साथ ही कोविड सहित अन्य बीमारियों से बचाव के लिए अपने सुझाव दिए। 

अर्बन हेल्थ कोआर्डिनेटर प्रेमचंद्र पाल ने कहा कि शहरी मलिन बस्तियों में निवास करने वाली जनसंख्या को निःशुल्क गुणवत्तापरक स्वास्थ्य सेवायें उपलब्ध कराने के उद्देश्य से मलिन बस्तियों में या उनके नजदीक नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र द्वारा विशेष आउटरीच कैम्प आयोजित किए जा रहे हैं। इनके माध्यम से अन्य बीमारियां जैसे टीबी, डायबिटीज, हाईपरटेंशन, मानसिक रोग, स्वांस रोग, कैंसर की स्क्रीनिंग, निराश्रित वृद्ध लोग एवं अन्य महामारी/बीमारियों का चिन्हिकरण किया जाता है। हर माह आउटरीच कैंप लगवाए जा रहे हैं। 

शिविर में 70 लोगों का इलाज हुआ। इसमें पेट की समस्या, एलर्जी, बुखार, बदन दर्द, खांसी, जुकाम आदि के मरीज रहे। गर्भवती महिलाओं, ब्लड, शुगर व बीपी इत्यादि की जांच की गई। इस मौके पर लैब टेक्नीशियन विनोद कुमार, एएनएम शबीनी खातून, आशा कार्यकर्ता रश्मि यादव शामिल रहीं। शंकर नगर की रहने वाली 58 वर्षीय चंद्रशेखर ने बताया कि शरीर में दर्द हो रहा था। अस्पताल दूर था। सूचना मिली की मोहल्ले में शिविर लगा है तो चले आए। यहां जांच हुई और दवा भी दी गई है। शिविर से लाभ मिला है। इसी मोहल्ल की 36 वर्षीय सुरेखा ने कहा कि उनके घुटनों में काफी दर्द हो रहा था। इसकी वजह से वह चल नहीं पा रही थी। किसी तरह से वह शिविर में आई है। जांच हुई और दवा भी मिली है। इस तरह के शिविर लगाए जाने चाहिए।


No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad

Pages