गड़ा धन पाने की चाह में बच्चे की चढ़ाई बलि - Amja Bharat

Amja Bharat

All Media and Journalist Association

Breaking

Monday, March 14, 2022

गड़ा धन पाने की चाह में बच्चे की चढ़ाई बलि

बलि देने के बाद घर में दबे हांड़ा को पाने का देखा था सपना

हत्यारोपी दम्पत्ति को पुलिस ने भेजा जेल

चित्रकूट, सुखेन्द्र अग्रहरि। सपने को सच्चाई मानकर अंधविश्वासन में गड़े धन को पाने के लिए पत्नी के साथ मिलकर चाचा ने भतीजे की बलि दे दी। पुलिस ने हत्यारोपी दम्पति को गिरफ्तार कर जेल भेजा है।

गौरतलब हो कि सीतापुर चौकी क्षेत्र अंतर्गत राघवपुरी मोहल्ले के प्रयागराज रैदास ने कोतवाली में बीती आठ मार्च को आठ वर्षीय पुत्र कन्हैया के गायब होने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। आरोपी के घर से दुर्गंध आने पर पड़ोसियों ने आशंका जताई तो गृहस्वामी ताला लगाकर गायब हो गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने ताला तोड़कर अंदर जाकर देखा। जहां प्लास्टिक के ड्रम में शव होने पर पुलिस आनन फानन मर्चरी ले जाने लगी। जिसका विरोध परिजनों ने किया। बावजूद इसके पुलिस शव ले गई। इससे आक्रोशित लोगों ने जाम लगा दिया था। पुलिस ने छह संदिग्धों को गिरफ्तार कर कड़ाई से पूछताछ के दौरान पर्दाफाश किया है। 

गिरफ्तार हत्यारोपियों की जानकारी देते एसपी।

सोमवार को पुलिस आफिस में पत्रकारों से एसपी धवल जायसवाल ने बताया कि घटना के खुलासे को एएसपी शैलेन्द्र कुमार राय, क्षेत्राधिकारी शीतला प्रसाद पांडेय के पर्यवेक्षण में पुलिस टीम गठित की। मृतक कन्हैया के आरोपियों की खोजबीन में जुट गई। पिता को साथ लेकर पुलिस ने पड़ोसी घरों व जंगल में तलाश कराई। इस दौरान तंत्र मंत्र के अंधविश्वास में संलिप्त लोगों को भी चिन्हित किया गया है। मृतक बालक के चाचा पर शक की सुई घूमी तो पिता ने कहा कि वह भतीजे की हत्या नहीं कर सकता। विवेचना के दौरान मृतक बालक का चाचा भुल्लू उर्फ जरैला पुत्र रामऔतार व उसकी पत्नी उर्मिला वर्मा को हिरासत में लेकर पुलिस ने कड़ाई से पूछताछ की तो बताया कि दीपावली के समय स्वप्न आया कि घर में तीन हंडे धन गड़ा है। यदि संभावित स्थान पर पूजापाठ कर किसी नाबालिग बच्चे की उस स्थान पर बलि दी जाए तो धन प्राप्त हो सकता है। इस पर सही गलत का विचार किए बिना वह लोग लालच में आ गए। तभी से बलि की फिराक में लग गए और भाई के पुत्र को अकेला पाकर चिन्हित स्थान में ले जाकर पहले गला दबाया फिर ईट से मारकर हत्या कर दी। शव को छिपाने के लिए ड्रम में भर दिया। पुलिस के दबाव के चलते शव को ठिकाने नहीं लगा सका था। 

इस प्रकार पुलिस टीम को घटना का अनावरण करने में सफलता प्राप्त हुई। पुलिस ने हत्यारोपी दम्पति की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त ईट बरामद कर जेल भेजा है। पुलिस टीम में कोतवाल राजीव कुमार सिंह, सीतापुर चौकी प्रभारी प्रवीण कुमार सिंह, सिपाही राजिश कुमार, सोनू, शिवम, महिला आरक्षी अनामिका सिंह रहे। 


No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad

Pages