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Wednesday, February 16, 2022

हत्या में करीबी के शामिल होने का शक, पुलिस और एसओजी खोलेगी राज

बबेरू कोतवाली क्षेत्र के भदेहदू गांव में हुई वृद्धा की हत्या और लूटपाट का मामला 

डाग एस्क्वायड के साथ एसपी मौके पर पहुंचे, की जा रही है छानबीन  

बांदा, के एस दुबे । जिस सुनियोजित तरीके से बबेरू के भदेहदू गांव में घर में अकेली रह रही वृद्धा की हत्या हुई है, उससे यह तो स्पष्ट है कि निश्चित तौर पर हत्याकांड और लूटपाट में कोई करीबी शामिल है। चूंकि वृद्धा के पति की एक दशक पहले मृत्यु हो चुकी है। वृद्धा के पास तकरीबन 15 बीघा जमीन बताई गई, जिसमें से चार बीघा बचाने के बाद उसने बाकी जमीन अपनी बहन के बेटों के नाम कर दी थी। हाल ही में उसने 40 हजार रुपया का धान बेचा था, उस धनराशि से उसे आगामी 27 फरवरी को गयाधाम की पूजा करनी थी। ऐसे में वृद्धा की हत्या क्यों की गई, यह पुलिस के सामने यक्ष प्रश्न है। हालांकि मौके पर पहुंचे पुलिस अधीक्षक अभिनंदन ने जल्द ही घटना के खुलासे का दावा किया है। इस हत्याकांड की गुत्थी को सुलझाने में पुलिस के साथ ही एसओजी भी अपना काम करेगी। 

मृतका कौशिल्या (फाइल फोटो)

गौरतलब हो कि मृतका कौशिल्या की बहन सुरनिया भी इसी घर में ब्याही है। चूंकि कौशिल्या को बच्चे नहीं थे, इसलिए वह अपनी बहन के बच्चों के नाम ही जमीन कर दी थी। चार बीघा महज अपने लिया खर्च आदि को बचाया था। वृद्धा कौशिल्या की हत्या तरह-तरह के सवाल खड़े कर रही है। प्रथम दृष्टया तो यही माना जा रहा है कि हत्या में जरूर किसी करीबी का हाथ है, चूंकि हत्यारे को सब कुछ मालूम था। कहां से घर में घुसना है और कैसे घटना को अंजाम देना है, यह पहले ही तय हो चुका था। गौरतलब हो कि कौशिलया के पति कीरत पटेल की एक दशक पूर्व
मृतका के दरवाजे पर मौजूद पुलिस

मृत्यु हो गई थी। उसे कोई संतान नहीं थी। पति की मौत हो जाने के बाद वह खेती के सहारे अपना जीवन यापन करने लगी। चूंकि कौशिल्या की बहन सुरनिया भी उसी घर में ब्याही है। इसलिए कौशिल्या ने अपने लिए चार बीघा जमीन ही बचाई थी, बाकी तकरीबन 10 या 11 बीघा जमीन उसने अपनी बहन सुरनिया के बच्चों कमलेश, वंशगोपाल, भूरेलाल सिंह पुत्रगण रामआसरे व ओमदत्त और सोमदत्त पुत्र स्वर्गीय रामजी पटेल के नाम बैनामा कर दी थी। कौशल्या ने बीते 8 फरवरी को लगभग 40 हजार रुपए का धान बेचा था। उसी धनराशि से वह आगामी 27 फरवरी को गयाधाम की पूजा करने वाली थी। पूजा की सारी तैयारियां भी लगभग पूरी हो चुकी थीं। कमलेश के
मृतका कौशिल्या के घर के बाद जुटी महिलाएं व अन्य

चाचा के लड़के विसेना ने बताया कि बुधवार सुबह कमलेश की पत्नी बिद्या ने देखा कि मौसी अभी सोकर नहीं जागी है। इस पर उसने अपने पति को बताया। दरवाजे की दरारों से कमरे में झांककर देखा तो कौशिल्या जमीन पर पड़ी हुई थी, यह देखकर सभी हैरान रह गए। इसके बाद कोतवाली पुलिस को सूचना दी गई। कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंच कर जांच पड़ताल की। इसके बाद पुलिस अधीक्षक अभिनंदन फारेंसिक जांच टीम, डाग स्क्वायड के साथ घटनास्थल पर पहुंचे और जांच पड़ताल की। घटना के बारे पर पूछे जाने पर पुलिस अधीक्षक ने कहा कि घटना का जल्द ही खुलासा किया जाएगा, जांच पड़ताल की जा रही है। इस दौरान एसओजी टीम भी मौजूद रहे।


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