गोवंश को जिन्दा दफनाने पर बवाल, प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगे - Amja Bharat

Amja Bharat

All Media and Journalist Association

Breaking

Wednesday, December 8, 2021

गोवंश को जिन्दा दफनाने पर बवाल, प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगे

मप्र की घाटियों में मिट्टी और पत्थरों तले जिन्दा दफन किया गया गोवंश 

नाराज गौसेवकों और हजारों लोगों नरैनी मुख्य चौराहे पर लगाया जाम 

दो दिन में होगी जांच, दोषियों के खिलाफ दर्ज होगी रपट, होगी सख्त कार्रवाई 

बांदा/नरैनी, के एस दुबे । एक तरफ सरकार है कि गोवंश को संरक्षित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है, दूसरी तरफ योगीराज में जिस तरह से मप्र की घाटियों में मिट्टी और पत्थरों तले गोवंश को जिन्दा दफन करने का शर्मनाक कृत्य किया गया, उससे भावनाएं आहत हुई हैं। खबर सुर्खियां बनीं तो लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। मंगलवार को गौसेवकों के आवाहन पर हजारों की संख्या में पब्लिक उमड़ पड़ी और नरैनी मुख्य चौराहे पर जाम लगा दिया। जाम लगाए लोगों ने प्रशासन मुर्दाबाद के नारे लगाए। दोषियों के खिलाफ रपट दर्ज किए जाने और सख्त कार्रवाई किए जाने की मांग की गई। विधायक नरैनी राजकरन कबीर ने लोगों को समझाया और कार्रवाई का आश्वासन देकर जाम खोलने को कहा, लेकिन आक्रोशित जनता नहीं मानी। बाद में मौके पर पहुंचे सीडीओ ने दो दिन के अंदर जांच करते हुए दोषियों के खिलाफ रपट दर्ज कराए जाने और सख्त कार्रवाई करवाए जाने का आश्वासन दिया, तब कहीं जाकर जाम खुल सका। 

नरैनी मुख्य चौराहे पर जमा लगाए खड़ी पब्लिक व गौसेवक

मालुम हो कि 4 दिसंबर की शाम को नगर पंचायत कार्यालय की गौशाला से कई ट्रकों में तकरीबन डेढ़ सैकड़ा गोवंश को भरकर मध्य प्रदेश की पहाड़ी खेड़ा (पन्ना) घाटियों में ले जाया गया। वहां पर रात के अंधेरे में घायल और बीमार गोवंश को मिट्टी और पत्थरों तले जेसीबी मशीन की मदद से जिन्दा दफना दिया गया। शर्मनाक कृत्य को अंजाम देने में लोगों के हाथ भी नहीं कांपे। शर्मनाक कृत्य अखबारों की सुर्खियां बना तो आक्रोश पनप उठा। विधायक राजकरण कबीर मौके पर पहुंचे थे और उन्होंने मिट्टी और बड़े-बड़े पत्थर हटवा कर दो-तीन जीवित गोवंश को बाहर निकलवाया था। मंगलवार सुबह गौरक्षक विनोद दीक्षित व सोनू करवरिया आदि ने पूरे कस्बे में अनाउंसमेंट कर धरना प्रदर्शन का लोगों से आग्रह किया था। सुबह 10 बजे से कस्बा के मुख्य चौराहे पर कई सैकड़ा लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई। मुख्य चौराहे पर लोगों ने जाम लगा दिया। इसके बाद एसडीएम, आरटीओ, नगर पंचायत के इओ और पूरी प्रशासनिक मशीनरी के खिलाफ मुर्दाबाद के नारे लगाते हुए दोषियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की। कुछ देर बाद मौके पर पहुंचे विधायक राजकरण कबीर ने प्रदर्शनकारियो को
जाम लगाए लोगों को समझाते सीडीओ व अन्य

समझाया कि वह उनके साथ हैं। दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदर्शन समाप्त कर दीजिए लेकिन प्रदर्शन कर रहे लोग नहीं माने। कुछ देर के बाद प्रदर्शनकारियो ने चारों मुख्य मार्गों को जाम कर दिया। जाम के दौरान स्कूली वाहनों एंबुलेंस व महिलाओं के वाहन नहीं रोके गए। प्रदर्शन और जाम के दौरान पुलिस से भी कई बार नोकझोंक हुई। लेकिन प्रदर्शनकारी एसडीएम सहित अन्य सभी दोषियों के विरुद्ध रिपोर्ट दर्ज करने की अपनी मांग पर अड़े रहे। लगभग दो बजे मुख्य विकास अधिकारी, जिला पशु चिकित्सा अधिकारी व खंड विकास अधिकारी महुआ मौके पर पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे लोगों से बात कर समझाने का प्रयास किया। विनोद दीक्षित ने कहा की जब तक दोषियों के विरूद्ध कार्यवाही नहीं होगी, वह धरना प्रदर्शन बंद नहीं करेंगे। सीडीओ ने आश्वासन दिया कि दो दिन के अंदर मामले की जांच करवाकर दोषियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा। सीडीओ के आश्वासन के बाद जाम खुल सका। 


No comments:

Post a Comment

Post Bottom Ad

Pages