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Tuesday, January 5, 2021

एनजीटी के नियमों को ताक में रखकर किया जा रहा खनन

जिले के आलाधिकारी सब कुछ जानते हुए नहीं कर रहे कार्यवाही

सड़कों पर फर्राटा भर रहे मौरंग लदे ओवर लोड वाहन

असोथर-फतेहपुर, शमशाद खान । केंद्र व राज्य सरकारों द्वारा नदियों से बालू खनन के लिए एनजीटी के नियमों के मुताबिक पट्टा आवंटन किया जाता है और अगर पट्टा धारक द्वारा एनजीटी के नियमों के मुताबिक खनन न करने पर पट्टा आवंटन निरस्त व भारी जुर्माना लगाया जाता है लेकिन असोथर थाना क्षेत्र के रामनगर कौहन खण्ड एक में 31 दिसंबर 2020 से बालू खनन महादेव कान्क्लेव प्राइवेट लिमिटेड द्वारा संचालित किया जा रहा है। जिसमें एनजीटी के नियमों को ताक में रखकर बड़ी बूम वाली मशीनों से खनन व लोडिंग की जा रही है। वहीं रात्रि में पूरी तरह खनन पर प्रतिबंध होने के बावजूद भी 24 घंटे खनन शुरू रहता है। ओवर लोडिंग बेखौफ जारी है। वहीं धर्म कांटा लगा होने के बावजूद सभी गाड़ियों की तौल नहीं करायी जाती। वही एक सप्ताह से ओवर लोड ट्रक व ट्रैक्टर

मौरंग लदे ओवर लोड ट्रकों की लगी लाइन।

बेखौफ होकर कस्बे के मुख्य मार्ग से निकल रहे हैं। अभी पिछले वर्ष 67 लाख की लागत से बनी आरईएस से सीसी रोड भी क्षतिग्रस्त हो रही है। बालू संचालक की मनमानी पूर्ण रवैये से कस्बेवासी खासे परेशान हैं। धूल इतनी उड़ती है कि मुख्य मार्ग में रहने वाले परिवारों का जीना मुश्किल है। जबकि बालू संचालक से कस्बेवासियों ने मांग किया था कि बालू लोड वाहनों का आवागमन हो उसके पहले टैंकरों से रास्ते में पानी डलवाया जाए, जिससे धूल न उड़ सके लेकिन बालू संचालक द्वारा ऐसा कुछ भी नहीं किया जा रहा है। एनजीटी के नियमों के अनुसार खनन में आटोमेटिक मशीनों का उपयोग महज खनिज को लोड करने के लिए किया जा सकता है। जिला प्रशासन की अनुमति से सेमी आटो मेटिक जेसीबी मशीनों का उपयोग हो सकता है। मजदूरों द्वारा अधिकतम दो और सेमी आटो मेटिक मशीन जेसीबी से तीन मीटर गहराई तक खनन करने का नियम है, लेकिन रामनगर कौहन खण्ड एक में इन सभी नियमों को ताक में रखकर मोरम खनन बेखौफ जारी है। वहीं मोरम लोड वाहनों को जो टोकन देते हैं उसमें लोडिंग लेबरों द्वारा दर्शायी जाती है जबकि प्रतिबंधित बड़ी बूम वाली मशीनों द्वारा खनन के साथ ही लोडिंग की जाती है लेकिन कुछ भी हो एक सप्ताह बीतने के बाद भी शासन-प्रशासन द्वारा यह सब जानते हुए भी कार्यवाही तो बड़ी दूर की बात है खदान तक एक भी अधिकारी ने दौरा नहीं किया।


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