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Thursday, November 19, 2020

पत्रकारो पर मुकदमा दर्ज कराने पर प्रेस क्लब ने जिला प्रशासन को घेरा

जिला प्रशासन की कार्रवाई प्रेस की स्वतंत्रता पर हमला व लोकतंत्र की हत्या-नागेंद्र

दमनकारी नीतियों के विरोध में ज्ञापन देकर एफआईआर रद्द करने की मांग

फतेहपुर, शमशाद खान । असोथर थानान्तर्गत छिछनी गाँव में दो नाबालिग, दलित किशोरियों की तालाब में डूबकर हुयी संदिग्ध मौत के मामले मे दो न्यूज चैनल के रिर्पोटरों द्वारा मां के बयान दिखाये जाने पर जिला प्रशासन द्वारा एफआईआर दर्ज कराए जाने को लेकर पत्रकारो ने आक्रोश व्याप्त है जिसको लेकर फतेहपुर प्रेस क्लब कार्यालय में अध्यक्ष नागेंद्र सिंह की अगुवाई में पत्रकारों ने बैठक करते हुए जिला प्रशासन द्वारा की गयी एफआईआर की कार्रवाई पर आक्रोश जाहिर करते हुए इसे प्रेस की स्वतंत्रता पर हमला बताया। और जिला प्रशासन से तत्काल एफआईआर रद्द किये जाने की मांग किया। बैठक के पश्चात पत्रकार प्रेस क्लब अध्यक्ष नागेंद्र सिंह की अगुवाई में कलेक्ट्रेट पहुँचे और जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंप कर प्रेस की स्वतंत्रता का हनन करने वाले


जिलाधिकारी को ज्ञापन सौपते प्रेस क्लब के अध्यक्ष नागेन्द्र सिंह व अन्य पत्रकार गण।

अफसरो पर कार्रवाई करने व पत्रकारो पर दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग किया। डीएम को दिये ज्ञापन में बताया कि समाचार संकलन करने पर जिला प्रशासन द्वारा पत्रकारो पर असोथर थाने में एफआईआर दर्ज करायी गयी है जो अत्यन्त खेदजनक और अभिव्यक्ति की आजादी और प्रेस की स्वतंत्रता पर एक तरह से प्रहार है। फतेहपुर प्रेस क्लब व देशभर के समस्त पत्रकार पुलिस की इस दमनकारी कार्यवाही की निन्दा करते है। और पत्रकारो को दबाने की इस कार्रवाई को रद्द किए जाने की मांग करते है। साथ ही ऐसी व्यवस्था करने की मांग किया जिससे ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो सके। उन्होंने कहा कि इस मामले में पत्रकारों पर कार्यवाही को लेकर पुलिस का नजरिया अत्यन्त खेदजनक रहा है। ऐसा प्रतीत होता है कि जनपद के पत्रकारों की सकारात्मक सोच और सहयोग को प्रशासन खासकर पुलिस विभाग ने उनकी कमजोरी मान लिया है जो उचित नहीं है। उन्होंने मांग किया कि प्रशासन ने मामले में अगर तत्काल अपना नजरिया बदलते हुए मुकदमा वापस नहीं लेता तो पत्रकारों से किसी तरह के सहयोग अपेक्षा न करे। जिसके लिए प्रशासनिक जिम्मेदार स्वयं जिम्मेदार होंगे कहाकि पत्रकारों का उत्पीड़न कतई बर्दाश्त नहीं किया जायेगा यदि अतिशीघ्र साथी पत्रकारों पर दर्ज मुकदमा वापस नहीं लिया गया तो जिले के पत्रकार लखनऊ जाकर मुख्यमंत्री से मिलकर अपनी बात रखेंगे और यदि जरूरत पड़ेगी तो पत्रकार समुदाय धरना व प्रदर्शन करने से पीछे नही हटेंगे। इस मौके पर संरक्षक मनोज मिश्रा, गोबिन्द दुबे, प्रमोद श्रीवास्तव, विनोद मिश्रा, महेश सिंह, हरीश शुक्ला, शरद शुक्ला, नितेश श्रीवास्तव, सन्दीप केशरवानी, दीपक अग्निहोत्री, मनोज शुक्ला, जर्रायाब खांन, परवेज, अमन दोसर, शोएब खान, मो शमशाद, मो0 शमीम, इरफान चमन (शीबू), दीपू मौर्या, सुनील मौर्या, संजय, नफीस अहमद, उसमान खांन, रिजवान, धीरेन्द्र सिंह राणा, सूर्या, उमेश मौर्या समेत बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद रहे।


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