Latest News

भ्रष्ट और भ्रष्टाचारी देश के लिए घातक......................

देवेश प्रताप सिंह राठौर 
(वरिष्ठ पत्रकार)

 भ्रष्टाचारी एक ऐसा शब्द है जिसे सारे सिस्टम को बदल कर रख दिया है भारत की आजादी के बाद जिस भारत का सपना हमारे वीर आजादी के शहीद देशभक्त सुभाष चंद्र बोस चंद्र शेखर आजाद सुखदेव राजगुरु और भगत सिंह जैसे महावीर पुरुषों ने जिस तरह से भारत को आजादी दिलवाई क्या उन्होंने कभी सोचा होगा कि भारत आजादी के बाद जो सरकारें आएंगी क्या वह भारत के विकास में कम योगदान घोटाला रिश्वत आज से लिप्त होगी ।जब कोई व्यक्ति न्याय व्यवस्था के मान्य नियमों के विरूद्ध जाकर अपने स्वार्थ की पूर्ति के लिए गलत आचरण करने लगता है तो वह व्यक्ति भ्रष्टाचारी कहलाता है। आज भारत जैसे सोने की चिड़िया कहलाने वाले देश में भ्रष्टाचार अपनी जड़े फैला रहा है। आज भारत में ऐसे कई व्यक्ति मौजूद हैं जो भ्रष्टाचारी है। आज पूरी दुनिया में भारत भ्रष्टाचार के मामले में 94वें स्थान पर है। भ्रष्टाचार के कई रंग-रूप है जैसे रिश्वत, काला-बाजारी, जान-बूझकर दाम बढ़ाना, पैसा लेकर काम करना, सस्ता सामान लाकर महंगा बेचना आदि। भ्रष्टाचार के कई कारण है। जानिए भ्रष्टाचार में मुख्य घूस यानी रिश्वत, चुनाव में धांधली, ब्लैकमेल करना, टैक्स चोरी, झूठी गवाही, झूठा मुकदमा, परीक्षा में नकल, परीक्षार्थी का गलत मूल्यांकन, हफ्ता वसूली, जबरन चंदा लेना, न्यायाधीशों द्वारा पक्षपातपूर्ण निर्णय, पैसे लेकर वोट देना, वोट के लिए पैसा और शराब आदि बांटना, पैसे लेकर रिपोर्ट छापना, अपने कार्यों को करवाने के लिए नकद राशि देना यह सब भ्रष्टाचार ही है।  जब किसी को अभाव के कारण कष्ट होता है तो वह भ्रष्ट आचरण करने के लिए विवश हो जाता है।असमानता, आर्थिक, सामाजिक या सम्मान, पद -प्रतिष्ठा के कारण भी व्यक्ति अपने आपको भ्रष्ट बना लेता है। हीनता और ईर्ष्या की भावना से शिकार हुआ व्यक्ति भ्रष्टाचार को अपनाने के लिए विवश हो जाता है। साथ ही रिश्वतखोरी, भाई-भतीजावाद आदि भी भ्रष्टाचार को जन्म देते हैं भ्रष्टाचार एक बीमारी की तरह है। आज भारत देश में भ्रष्टाचार तेजी से बढ़ रहा है। इसकी जड़े तेजी से फैल रही है। यदि समय रहते इसे नहीं रोका गया तो यह पूरे देश को अपनी चपेट में ले लेगा। भ्रष्टाचार का प्रभाव अत्यंत व्यापक है।जीवन का कोई भी क्षेत्र इसके प्रभाव से मुक्त नहीं है। यदि हम इस वर्ष की ही बात करें तो ऐसे कई उदाहरण मौजूद हैं जो कि भ्रष्टाचार के बढ़ते प्रभाव को दर्शाते हैं। जैसे आईपील में खिलाड़ियों की स्पॉट फिक्सिंग, नौकरियों में अच्छी पोस्ट पाने की लालसा में कई लोग रिश्वत देने से भी नहीं चूकते हैं। आज भारत का हर तबका इस बीमारी से ग्रस्त यह एक संक्रामक रोग की तरह है। समाज में विभिन्न स्तरों पर फैले भ्रष्टाचार को रोकने के लिए कठोर दंड-व्यवस्था की जानी चाहिए। आज भ्रष्टाचार की स्थिति यह है कि व्यक्ति रिश्वत के मामले में पकड़ा जाता है और रिश्वत देकर ही छूट जाता है।
 दुनियाभर में भ्रष्टाचार के खिलाफ लोगों में जागरूकता फैलाने के लिए ही 9 दिसंबर को 'अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार विरोधी दिवस' मनाया जाता है। संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 31 अक्टूबर 2003 को एक प्रस्ताव पारित कर 'अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार विरोधी दिवस' मनाए जाने की घोषणा की। भ्रष्टाचार के खिलाफ संपूर्ण राष्ट्र एवं दुनिया का इस जंग में शामिल होना एक शुभ घटना कही जा सकती है, क्योंकि भ्रष्टाचार आज किसी एक देश की नहीं, बल्कि संपूर्ण विश्व की समस्या है। भारतवर्ष या आजाद हुए 75 वर्ष से ज्यादा हो गए हैं इन 75 वर्षों में हम उतने मजबूत नहीं हो सके जितने अन्य देश हम से कम समय पहले आजादी पाए और आज काफी मजबूत स्थित में है आज पूरा देश के साथ भारत देश एक बहुत बड़ी महामारी से कोरोना वायरस से जूझ रहा है चीन के वुहान शहर से निकला यह कोरोना वायरस का जिन पूरे विश्व में लाखों लोगों की मृत्यु का कारण बनी है। आज बड़े दुख के साथ कहना पड़ता है भारत मेडिकल लाइन भ्रष्टाचारी से बहुत अधिक लिप्त रही है कम पैसे में यहां पर गरीब का इलाज होना संभव नहीं सुविधाएं जो बड़े-बड़े अस्पतालों में व्याप्त है उनकी संख्या कम है विश्व के सबसे देखा जाए मेडिकल लाइन में अमेरिका और इटली बहुत ही अच्छी मात्रा में जिसमें नंबर एक या दों में आते हैं आज भारत में स्थिति कैसी है कोरोना की महामारी जिस तरह से संख्या जनसंख्या प्रतिदिन बढ़ गई है वह हिसाब से हमारे पास इतने अस्पताल नहीं हैं कि हम उन्हें रख सकें 130 करोड़ की आबादी वाला भारत आज विश्व में वीटो पावर की हैसियत होनी चाहिए थी जो नहीं है क्यों क्योंकि विकास के क्षेत्र में हमने कम ध्यान दिया घोटाले भ्रष्टाचारी पर अधिक ध्यान दिया जिससे विकास कम होगा और विश्व समुदाय के सामने हमने अपने को मां शक्ति के रूप में लोगों के सामने प्रस्तुत नहीं कर सके हम आज की स्थिति को देखते हुए यह महसूस कर सकते हैं वर्तमान प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा भ्रष्टाचारी से मुक्त एवं देश को शक्तिशाली बनाने में अहम योगदान एवं पूर्ण मेहनत के साथ कार्य कर रहे हैं क्योंकि देश को नुकसान पहुंचाने वाला सबसे बड़ा तंत्र है भ्रष्ट भ्रष्ट लोग जिससे सही निर्णय सही समय पर सही व्यक्ति के साथ नहीं हो पाते हैं और दुराचारी अत्याचारी आज समाज में फैलती है इसे हम तभी कुछ कर सकते हैं जब पूरा सिस्टम आय से अधिक खर्चा की सोच रखेगा तो वह गलत तरीके से पैसा कमाने की इच्छा जाहिर करेगा यही भ्रष्टाचारी का मुख्य कारण है लेकिन इस देश में अमूल्य भ्रष्टाचारी शीघ्र ही पूरा देश जागरूक होगा और भारत को भ्रष्टाचारी से मुक्त महाशक्तिशाली भारत का निर्माण होगा और से भी शीघ्र ही कोरोना वायरस की महामारी से हमारा देश दिए गए निर्देशों का पालन करते हुए शीघ्र भारत देश से खोलना को भगा देगा आज कटनी स्थित में भारत की अर्थव्यवस्था एवं हर जनमानस की स्थित को समझा जा सकता है क्योंकि कोरोनावायरस ने सब कुछ काम रोक दिया है क्योंकि माननीय प्रधानमंत्री जी ने अपने संबोधन में कहा था जान है तो जहान है।
 


No comments