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तेज आंधी और पानी ने दिए गहरे जख्म, बिलख उठे किसान

आंधी और पानी से लाखों रुपया का हुआ नुकसान 
अतर्रा के मजरा कल्लू पुरवा में ढह गईं पक्की दीवारें 
बिजली पोल और पेड़ उखड़कर मकानों पर गिरे 
आंधी से उलट गईं बैलगाड़ियां, खेतों से उड़ गईं फसलें 
लेखपाल ने किया मौका मुआयना, नुकसान पर रही हल्की नजर 

बांदा, कृपाशंकर दुबे । अतर्रा तहसील के पिंडखर गांव के मजरा कल्लू पुरवा में बारिश से जो नुकसान हुआ वह तो बर्दाश्त के काबिल है, लेकिन तेज आंधी ने जो बर्बादी की इबारत लिखी है, उसे देखकर तो किसान और ग्रामीण दहाड़े मारकर रो रहा है। तकरीबन एक दर्जन बिजली के पोल और पेड़ टूटकर मकान में गिर जाने की वजह से पूरे मकान ध्वस्त हो गए। निर्माणाधीन मकान की पक्की दीवारें हवा में उड़ गईं। तकरीबन एक घंटे के आंधी और पानी के दौरान इलाके के लोग पूरी तरह से सहम गए और किसी तरह से अपनी जान बचाई। हालात बहुत ही बदतर हैं। एसडीएम के निर्देश पर लेखपाल ने मौका मुआयना किया है, लेकिन लेखपाल ने नुकसान पर पैनी निगाह नहीं दौड़ाई, फौरी तौर पर ही नुकसान का आंकलन किया है। पीड़ितों ने आंधी-पानी से हुई बर्बादी और नुकसान का मुआवजा दिलाए जाने की मांग की है। 
कल्लू पुरवा में आंधी से ढही पक्की दीवार
शनिवार की शाम पिंडखर गांव के मजरा कल्लू पुरवा में आंधी और पानी ने जमकर कहर बरपाया। तकरीबन एक घंटे तक कहर बरपा। खेतों में रखी गेहूं की कटी फसलें उड़ गईं, उनका पता नहीं चला। सैकड़ों की संख्या में खेतों और सड़क किनारे लगे पेड़ उखड़ गए। बस्ती के अंदर तो हालात बहुत ही बदतर हैं। वहां पर तकरीबन एक दर्जन बिजली के पोल और पेड़ टूटकर मकानों में गिर जाने से भारी नुकसान हुआ है। लोगों के छप्पर तक आंधी में उड़ गए हैं। इसके चलते मकान के अंदर रखा अनाज पानी में भीगकर बर्बाद हो गया। कई ट्रैक्टरों पर छप्पर गिर जाने और बिजली के पोल आदि गिर जाने के कारण हजारों का नुकसान हुआ है। 

खून के आंसू रो रहे कल्लू पुरवा के किसान 
बांदा। कल्लू पुरवा में रहने वाले रामलखन पुत्र जगदेव के निर्माणाधीन मकान की पक्की दीवारें ढह गईं। भूरा पुत्र भग्गू के घर में नीम का पेड़ गिर जाने से पूरा मकान ध्वस्त हो गया। रामऔतार पुत्र भूरा के मकान में बिजली का खंभा और पेड़ घर में गिर जाने से मकान पूरी तरह से ध्वस्त हो गया। इसी तरह सुरेश पुत्र राजकरन का भी काफी नुकसान हुआ है। उसके
कच्चे मकान पर गिरा बिजली का पोल और भारी भरकम पेड़
घर का छप्पर भरभराकर ढह गया। बबूल का पेड़ उसके मकान पर गिर जाने से भारी नुकसान हुआ है। इसी तरह अर्जुन पुत्र विजयपाल के मकान में लगा टिनशेड उड़ गया। इसी तरह दयाराम पुत्र जगदेव का भी भारी नुकसान हुआ। इसी तरह कल्लू पुरवा निवासी सियासखी (80) पत्नी शिवशंकर उर्फ भिम्मा के घर की दीवार आंधी के दौरान ढह जाने से सियासखी मलबे के नीचे दब गई। बेहोशी हालत में बमुश्किल ग्रामीण उसे सीएचसी अतर्रा ले गए। वहां उसका उपचार हुआ। शिवशंकर का मकान भी क्षतिग्रस्त हो गया है। 

लेखपाल के मुआयने से खफा किसान और ग्रामीण 
बांदा। उप जिलाधिकारी अतर्रा के निर्देश पर लेखपाल सतीश खरे कल्लू पुरवा नुकसान का जायजा लेने पहुंचे थे। कल्लू पुरवा के किसानों ने बताया कि उन्होंने दीवारें गिर जाने, पेड़ और बिजली के पोल गिर जाने से मकान ध्वस्त होने और अन्य नुकसान के बारे में बताया, लेकिन लेखपाल इस पर कोई गौर नहीं किया। ग्रामीणों ने उप जिलाधिकारी से लेखपाल को दोबारा मौके पर भेजे जाने और नुकसान का मुआयना ठीक तरह से करवाए जाने की मांग की है। उप जिलाधिकारी अतर्रा से बात की गई तो उन्होंने कहा कि नुकसान का पूरा मुआवजा दिलवाया जाएगा। वह इस मामले को दिखवाते हैं और लेखपाल को पुनः जांच के लिए मौके पर भेजेंगे। उन्होंने किसानों और ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि नुकसान की भरपाई में कोई कोताही नहीं बरती जाएगी। शासन की ओर से किसानों और ग्रामीणों को हुए नुकसान का भरपूर मुआवजा दिया जाएगा। 

शनिवार की आंधी के साथ बरसा पानी 
बांदा। शनिवार की दोपहर को मौसम का मिजाज बदल गया और तेज आंधी का सिलसिला शुरू हो गया। इसके साथ ही पानी भी बरसा। काफी देर तक पानी बरसने के कारण सड़कों पर जहां फिसलन हो गई, वहीं सड़क पटरी किनारे पानी भर गया। आंधी चलने के कारण जहां टीन-टप्पर उड़कर दूर जा गिरे, वहीं गांवों में किसानों की फसलें खलिहानों में ही भीग गईं। थ्रेसिंग के लिए तैयार फसलें भीग जाने के कारण किसान परेशान हो उठा। इधर, नरैनी क्षेत्र में शाम पाच बजे आई आंधी और पानी के कारण किसानों की फसलें और भूसा आदि भीग गया।  बीते 4 दिनों से 24 घंटे में एक बार रोज आंधी पानी आ जाता है। जिससे किसान खेती बाड़ी का काम नहीं कर पा रहे हैं। अभी क्षेत्र में तमाम किसानों की फसलें थ्रेसिंग के लिए खलिहान में पड़ी है। जिन किसानों ने अपनी फसलों की थ्रेसिंग करवा ली है उनका भूसा खेत और खलिहान में पड़ा है। आज भी अचानक शाम 5रू00 बजे तेज आंधी के साथ वर्ष शुरू हो गई लगभग 20 मिनट तक वर्षा हुई है।

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