Latest News

बर्फीली हवाओं के चलते धूप रही बेअसर

शाम ढलते ही बढ़ी गलन, घरों में दुबके लोग 

फतेहपुर, शमशाद खान । जनवरी माह की शुरूआत के साथ ही ठण्ड के तेवर ढीले हो गये थे। लेकिन जैसे-जैसे दिन आगे बढ़ रहे हैं वैसे-वैसे सर्दी एक बार फिर से दस्तक दे रही है। शुक्रवार की सुबह से ही बर्फीली हवाएं चलने के कारण लोग सुबह देर से सड़कों पर नजर आये। दस बजे के बाद सूर्य के दर्शन तो हुए लेकिन हवाओं के आगे धूप बेअसर रही। शाम ढहलते ही गलन बढ़ने पर लोग जल्दी घरों में दुबक गये। वहीं स्कूलो मे अवकाश होने के कारण बच्चों ने घरों की छतों व पार्कों में लुत्फ उठाया। 
ठण्ड से बचने के लिए आग का सहारा लेते लोग।
बताते चलें कि दिसम्बर माह से सर्दी अपने पूरे शबाब पर आ गयी थी। लगातार एक पखवारे तक सर्दी के सितम से लोग बेहाल थे। लेकिन जैसे ही नये साल की शुरूआत हुयी तो सर्दी के तेवर ढीले हो गये थे और काफी हद तक लोगों का गलन से राहत मिली थी। लेकिन मकर संक्रान्ति के पर्व के पास पहुंचते ही एक बार फिर सर्दी ने दस्तक दे दी है। देश के कई हिस्सों के साथ-साथ जिले में हुयी हल्की बारिश के कारण शीतलहर का प्रकोप लगातार जारी है। शुक्रवार की सुबह से चल रही बर्फीली हवाओं के चलते लोगों की सुबह कुछ देर से हुयी। प्राइमरी व प्राथमिक स्तर के विद्यालयों में अवकाश होने के चलते सुबह सड़कों पर बच्चे भी नजर नही आये। हवाओं के चलते रोजमर्रा के लिए निकलने वाले लोग भी देरी से घरों से निकले। सड़क पर निकलने वाले लोग अपने शरीर को गर्म कपड़ों से ढके हुए नजर आये। सुबह दस बजे सूर्य के दर्शन तो हो गये लेकिन हवाओं के चलते यह धूप कुछ खास असर नहीं दिखा सकी। चैराहों के अलावा सार्वजनिक स्थानों पर जलने वाले अलाव का लोग सहारा लिये हुए दिखाई दिये। ठण्ड व शीतलहरी के कारण सबसे अधिक दिक्कत यात्रा करने वाले लोगो को उठानी पड़ी। ट्रेनों की लेटलतीफी अब भी जारी है। स्टेशन पर लोग अपनी-अपनी ट्रेनों का इंतजार करते हुए शीतलहरी से जूझते दिखाई दिये। स्टेशन पर बैठे लोग अपने आपको पूरी तरह से गर्म कपड़ों के जरिये ढके रहे। शाम होते-होते एक बार फिर गलन बढ़ गयी और मार्ग जल्दी सूने हो गये। रात आठ बजते-बजते सड़क पर सन्नाटा पसर गया। लोगो का अनुमान है कि मकर संक्रान्ति के पर्व तक ठण्ड बरकरार रहेगी। पर्व गुजरने के बाद ही ठण्ड में गिरावट आयेगी। 

No comments